कोलकाता में आज सोने का भाव — 22 अक्टूबर 2026

बंगाल की सोने की कारीगरी की राजधानी

कोलकाता सोने के बेहतरीन फ़िलिग्री (तारकशी) काम और नाज़ुक हस्तनिर्मित गहनों के लिए मशहूर है। कोलकाता में आज सोने का भाव देखें।

बोबाज़ार बड़ाबाज़ार📍 पश्चिम बंगाल

कोलकाता में आज का सोने का भाव

कोलकाता में आज सोने का भाव
शुद्धता1 ग्राम8 ग्राम10 ग्रामबदलाव (प्रति ग्राम)
24 कैरेट (99.9% शुद्ध)₹13,733₹1,09,864₹1,37,329▼ ₹130 (0.95%)
22 कैरेट (91.6% शुद्ध)₹12,589₹1,00,708₹1,25,885▼ ₹120 (0.95%)
18 कैरेट (75% शुद्ध)₹10,300₹82,398₹1,02,997▼ ₹98 (0.95%)

ये सांकेतिक अखिल भारतीय भाव हैं। कोलकाता के जौहरियों के भाव में मेकिंग चार्ज, 3% GST और स्थानीय अंतर के कारण फ़र्क हो सकता है। ख़रीदने से पहले दुकान पर उस दिन का भाव ज़रूर पूछें।

गोल्ड कैलकुलेटर, पिछले भाव और चार्ट (English में) देखें →

कोलकाता के सोना बाज़ार की ख़ास बातें

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तारकशी फ़िलिग्री

भारत का बेहतरीन सोने का फ़िलिग्री (तारकशी) काम — मुड़े हुए सोने के तार का सदियों पुराना बंगाली हुनर

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ब्राइडल गोल्ड परंपरा

बंगाली दुल्हनें मुकुट, सीताहार और रतनचूड़ पहनती हैं — भारत के सबसे सजीले ब्राइडल गहनों में

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बोबाज़ार स्ट्रीट

कोलकाता का ज्वेलरी केंद्र — एक ही सड़क पर सैकड़ों कारीगर वर्कशॉप और दुकानें

कोलकाता का सोना बाज़ार

कोलकाता सोने के बारीक फ़िलिग्री काम — तारकशी — का भारत में केंद्र है, जिसमें सोने के पतले तारों को मोड़कर और जोड़कर बारीक आकृतियां बनाई जाती हैं। सदियों पुराना यह बंगाली हुनर दुनिया के सबसे नाज़ुक सोने के गहने बनाता है। शहर के ज्वेलरी केंद्र बोबाज़ार में सैकड़ों कारीगर वर्कशॉप और दुकानें हैं। कोलकाता की सुनारी परंपरा भारी गहनों की जगह हल्के, बारीक डिज़ाइनों पर ज़ोर देती है — यही शैली बंगाली गहनों को बाक़ी भारत से अलग बनाती है।

कोलकाता की गोल्ड संस्कृति और विरासत

बंगाली दुल्हनों की गोल्ड ज्वेलरी परंपरा भारत की सबसे विस्तृत परंपराओं में से है। सोने के गहनों के साथ "शांखा-पोला" (लाल और सफ़ेद चूड़ियां) प्रतीकात्मक है। ब्राइडल गहनों में मुकुट, सीताहार (कई लड़ियों वाला हार) और रतनचूड़ (हाथ का गहना) प्रमुख हैं। कोलकाता में चिट फंड, ज्वेलरी योजनाओं और दुर्गा पूजा के दौरान "गोल्ड डिपॉज़िट" के ज़रिए सोना बचाने की मज़बूत परंपरा भी है। बंगालियों के लिए सोना जितना निवेश है, उतना ही कला भी।

कोलकाता में सोना ख़रीदने के टिप्स

  1. 1तारकशी (फ़िलिग्री) गहनों में जांचें कि काम असली हस्तनिर्मित है — मशीन से बनी नक़ल काफ़ी सस्ती होती है, पर उसमें कारीगरी नहीं होती।
  2. 2पारंपरिक बंगाली डिज़ाइनों के लिए बोबाज़ार में सबसे अच्छी क़ीमतें मिलती हैं — मेकिंग चार्ज 10-20% होता है।
  3. 3दुर्गा पूजा के मौसम में दुकानें मेकिंग चार्ज पर छूट देती हैं — ख़रीदारी का अच्छा समय।
  4. 4रोज़ पहनने वाले हल्के सोने के लिए कोलकाता बेहतरीन है — कम सोने में बारीक काम यहां की ख़ासियत है।
  5. 5HUID हॉलमार्क ज़रूर जांचें — कोलकाता के असंगठित क्षेत्र में शुद्धता को लेकर पहले शिकायतें रही हैं।

कोलकाता में सोने के भाव पर असर डालने वाले कारण

  • ●अंतरराष्ट्रीय स्पॉट गोल्ड भाव मूल दर तय करता है
  • ●डॉलर/रुपया विनिमय दर में उतार-चढ़ाव
  • ●दुर्गा पूजा और धनतेरस पर मौसमी मांग चरम पर
  • ●बंगाली शादी का सीज़न (नवंबर–फरवरी) मांग बनाए रखता है
  • ●फ़िलिग्री काम पर 15-25% मेकिंग चार्ज, जबकि सादे डिज़ाइन पर 8-12%
  • ●कोलकाता के हल्के डिज़ाइनों से प्रति ग्राम समान भाव के बावजूद प्रति गहना कुल लागत कम

कोलकाता में सोने में निवेश

कोलकाता में सोने के निवेश की अपनी संस्कृति है — चिट फंड आधारित गोल्ड बचत और ज्वेलरी डिपॉज़िट योजनाएं बेहद लोकप्रिय हैं। स्थानीय NBFC से गोल्ड लोन आम है। शहर के IT और कॉर्पोरेट पेशेवरों में डिजिटल गोल्ड और गोल्ड ETF का चलन बढ़ रहा है, लेकिन फ़िज़िकल गोल्ड और गहने अब भी सबसे ज़्यादा पसंद किए जाते हैं।

कोलकाता में त्योहार और मौसमी मांग

दुर्गा पूजा (सितंबर/अक्टूबर) कोलकाता में सोना ख़रीदने का सबसे बड़ा मौसम है — 10 दिनों के त्योहार में ज्वेलरी स्टोर साल की सबसे ज़्यादा बिक्री दर्ज करते हैं। धनतेरस, बंगाली नववर्ष (पोइला बोइशाख) और शादी का सीज़न भी मज़बूत मांग लाते हैं।

सोने की शुद्धता — 24K, 22K और 18K में फ़र्क

24 कैरेट (99.9% शुद्ध)

सोने का सबसे शुद्ध रूप, निवेश के लिए सबसे अच्छा। रोज़ पहनने वाले गहनों के लिए बहुत नरम।कोलकाता में प्रमाणित डीलरों से बार और सिक्कों के रूप में मिलता है।

22 कैरेट (91.6% शुद्ध)

भारत में गहनों के लिए सबसे लोकप्रिय शुद्धता, जिसे 916 गोल्ड भी कहते हैं। रोज़ पहनने के लिए शुद्धता और मज़बूती का सही संतुलन।

18 कैरेट (75% शुद्ध)

आधुनिक डिज़ाइनर गहनों में इस्तेमाल होता है। ज़्यादा मिश्र धातु की वजह से ज़्यादा मज़बूत। समकालीन और वेस्टर्न-स्टाइल डिज़ाइनों में लोकप्रिय।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल — कोलकाता में सोना

प्रकोलकाता की तारकशी गोल्ड ज्वेलरी क्या है?▼

तारकशी सदियों पुरानी बंगाली फ़िलिग्री तकनीक है, जिसमें सोने के पतले तारों को मोड़कर, घुमाकर और जोड़कर लेस जैसी बारीक आकृतियां बनाई जाती हैं। इस हुनर का मुख्य केंद्र कोलकाता है। असली हस्तनिर्मित तारकशी गहने संग्रह योग्य होते हैं और इन पर ऊंचा मेकिंग चार्ज लगता है।

प्रपारंपरिक बंगाली ब्राइडल गहने कौन-से हैं?▼

बंगाली ब्राइडल गहनों में मुकुट, सीताहार (सात लड़ियों वाला हार), चिक (चोकर), रतनचूड़ (हाथ का गहना), बाउटी (बाज़ूबंद) और कंगन शामिल हैं। पूरा बंगाली ब्राइडल सेट आमतौर पर 150-400 ग्राम का होता है और भारत के सबसे विस्तृत सेटों में से है।

प्रक्या कोलकाता में दूसरे महानगरों से सस्ता सोना मिलता है?▼

सोने का मूल भाव पूरे भारत में लगभग एक जैसा है। कोलकाता का फ़ायदा मेकिंग चार्ज में है — बंगाली जौहरी हल्के, बारीक डिज़ाइनों में माहिर हैं, इसलिए उतने ही ख़ूबसूरत गहनों में सोने का कुल वज़न (और लागत) अक्सर कम होता है। मेकिंग चार्ज 10-20% होता है।

प्रकोलकाता में सोना ख़रीदने का सबसे अच्छा समय कब है?▼

दुर्गा पूजा (सितंबर/अक्टूबर) में कोलकाता के जौहरी सबसे अच्छे ऑफ़र देते हैं — मेकिंग चार्ज पर त्योहारी छूट और उपहार। धनतेरस और अक्षय तृतीया भी प्रमोशनल ऑफ़र के साथ ख़रीदारी के बड़े मौक़े हैं।

दूसरे शहरों में सोने का भाव

भाव अपडेट: 22 अक्टूबर 2026 · gpaisa.in