अपडेट: 22 अक्टूबर 2026
Reliance Industries की डिजिटल कंपनी Jio Platforms के ₹30,213 करोड़ के IPO को दूसरे दिन भी जोरदार मांग मिली। IPO ट्रैकर ipoplatform.com के आंकड़ों के मुताबिक गुरुवार दोपहर 3:24 बजे तक इश्यू 4.43 गुना सब्सक्राइब हो चुका था। संस्थागत निवेशक (QIB) सबसे आगे हैं, जबकि रिटेल हिस्सा 1.42 गुना भरा है।
यह देश का अब तक का सबसे बड़ा IPO है, Hyundai Motor India के ₹27,870 करोड़ के इश्यू से भी बड़ा। बोली शुक्रवार, 23 अक्टूबर को बंद होगी। लाइव GMP और सब्सक्रिप्शन यहां देखें।
Jio Platforms IPO: मुख्य बातें
पूरा इश्यू फ्रेश है, यानी 27 करोड़ नए शेयर। इसमें OFS (ऑफर फॉर सेल) नहीं है, इसलिए RIL, Meta या Google जैसा कोई मौजूदा शेयरधारक शेयर नहीं बेच रहा। पूरी रकम कंपनी को मिलेगी।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्राइस बैंड | ₹1,065 – ₹1,119 प्रति शेयर |
| फेस वैल्यू | ₹10 प्रति शेयर |
| लॉट साइज | 12 शेयर |
| न्यूनतम निवेश | ₹13,428 (ऊपरी बैंड पर) |
| इश्यू साइज | ₹30,213 करोड़, पूरा फ्रेश इश्यू |
| कोटा (नेट इश्यू) | QIB 50%, NII 15%, रिटेल 35% |
| कर्मचारी कोटा | करीब ₹500 करोड़, ₹54 प्रति शेयर डिस्काउंट |
| RIL शेयरहोल्डर कोटा | ₹2,500 करोड़, कोई डिस्काउंट नहीं |
| लिस्टिंग | BSE और NSE |
| लीड मैनेजर / रजिस्ट्रार | Kotak Mahindra Capital समेत 19 BRLM / KFin Technologies |
जरूरी तारीखें
| इवेंट | तारीख |
|---|---|
| एंकर बिडिंग | 19 अक्टूबर 2026 (सोमवार) |
| IPO खुला | 21 अक्टूबर 2026 (बुधवार) |
| IPO बंद | 23 अक्टूबर 2026 (शुक्रवार), UPI मैंडेट शाम 7 बजे तक |
| अलॉटमेंट | 26 अक्टूबर 2026 (सोमवार) |
| रिफंड शुरू | 27 अक्टूबर 2026 (मंगलवार) |
| डीमैट में शेयर | 27 अक्टूबर 2026 (मंगलवार) |
| लिस्टिंग | 28 अक्टूबर 2026 (बुधवार), BSE और NSE |
अलॉटमेंट से लिस्टिंग तक की तारीखें अनुमानित हैं।
सब्सक्रिप्शन: किस कैटेगरी में कितनी मांग
पहले दिन के अंत तक इश्यू करीब तीन गुना भर गया था, हालांकि सोर्स के हिसाब से आंकड़ा 3.04 से 3.17 गुना के बीच है। PTI के मुताबिक बुधवार शाम 5 बजे तक करीब ₹69,800 करोड़ की बोलियां आ चुकी थीं, पर रिटेल हिस्सा तब पूरा नहीं भरा था।
गुरुवार को रिटेल कोटा शुरुआती दो घंटों में पूरा हो गया। BSE डेटा के हवाले से PTI ने बताया कि सुबह 11 बजे तक इश्यू 3.47 गुना भर चुका था।
| कैटेगरी | सुबह 11 बजे | दोपहर 3:24 बजे |
|---|---|---|
| QIB (एंकर छोड़कर) | 9.42 गुना | 10.12 गुना |
| NII (HNI) | 2.34 गुना | 4.75 गुना |
| रिटेल | 1.03 गुना | 1.42 गुना |
| कर्मचारी | 1.61 गुना | 1.94 गुना |
| RIL शेयरहोल्डर | 2.06 गुना | 3.43 गुना |
| कुल | 3.47 गुना | 4.43 गुना |
सुबह 11 बजे: PTI (BSE डेटा) और IIFL; दोपहर 3:24 बजे: ipoplatform.com।
दोपहर 3:24 बजे तक एंकर हिस्से को छोड़कर 19.75 करोड़ शेयरों के मुकाबले 87.57 करोड़ शेयरों की बोलियां थीं, यानी करीब ₹97,992 करोड़। सभी कैटेगरी मिलाकर करीब 66.25 लाख आवेदन आए थे। अंतिम आंकड़े NSE और BSE जारी करेंगे।
GMP: ग्रे मार्केट क्या कह रहा है
GMP (ग्रे मार्केट प्रीमियम) वह अतिरिक्त कीमत है जो लिस्टिंग से पहले अनौपचारिक बाजार में बोली जाती है। यह बाजार SEBI से रेगुलेटेड नहीं है और इसका कोई आधिकारिक रिकॉर्ड नहीं होता।
IPOji और Investorgain के मुताबिक 22 अक्टूबर को दोपहर करीब 3 बजे GMP ₹240 था। इससे अनुमानित लिस्टिंग भाव ₹1,359 बनता है, ऊपरी बैंड से करीब 21.4% ज्यादा। सुबह 10:37 बजे IIFL ने ₹247 बताया था। 20 अक्टूबर को GMP ₹270-273 के ऊंचे स्तर पर था, तब से यह कुछ नरम पड़ा है। बाकी इश्यू का GMP यहां देखें।
लिस्टिंग के संभावित परिदृश्य (एक लॉट पर)
गणना 12 शेयर और ₹1,119 के इश्यू प्राइस पर है, ब्रोकरेज और टैक्स शामिल नहीं। यह सिर्फ अंकगणित है, भविष्यवाणी नहीं।
| परिदृश्य | लिस्टिंग भाव | प्रति शेयर | प्रति लॉट |
|---|---|---|---|
| मौजूदा GMP ₹240 | ₹1,359 | +₹240 (21.4%) | +₹2,880 |
| GMP आधा (₹120) | ₹1,239 | +₹120 (10.7%) | +₹1,440 |
| GMP शून्य | ₹1,119 | ₹0 | ₹0 |
| इश्यू प्राइस से 10% नीचे | करीब ₹1,007 | करीब −₹112 | करीब −₹1,343 |
कितना पैसा लगेगा: 1 से 14 लॉट
रिटेल निवेशक ₹2 लाख तक की बोली लगा सकते हैं। ऊपरी बैंड पर 14 लॉट (168 शेयर) तक ही इस सीमा में आते हैं। 15 लॉट की रकम ₹2,01,420 होती है, जिससे आवेदन छोटे HNI (sNII) कैटेगरी में चला जाता है।
| लॉट | शेयर | रकम (₹1,119 पर) |
|---|---|---|
| 1 | 12 | ₹13,428 |
| 2 | 24 | ₹26,856 |
| 3 | 36 | ₹40,284 |
| 5 | 60 | ₹67,140 |
| 7 | 84 | ₹93,996 |
| 10 | 120 | ₹1,34,280 |
| 12 | 144 | ₹1,61,136 |
| 14 (रिटेल अधिकतम) | 168 | ₹1,87,992 |
कट-ऑफ प्राइस पर बोली लगाने पर भी ऊपरी बैंड के हिसाब से रकम ब्लॉक होती है। पात्र कर्मचारियों के लिए ₹54 की छूट के बाद एक लॉट ₹12,780 का पड़ता है।
रिटेल लॉटरी: एक लॉट मिलने के कितने चांस
SEBI के नियमों के तहत ओवरसब्सक्राइब रिटेल हिस्से में कोशिश होती है कि ज्यादा से ज्यादा आवेदकों को कम से कम एक लॉट मिले। यह एक लॉट किसे मिलेगा, लॉटरी से तय होता है। इसलिए 14 लॉट का आवेदन करने से एक लॉट के चांस आम तौर पर नहीं बढ़ते।
रिटेल कोटे में 8,50,37,326 शेयर हैं, यानी करीब 70.86 लाख लॉट। मोटा फॉर्मूला है: चांस ≈ 70.86 लाख ÷ कुल वैध रिटेल आवेदन। आवेदन इससे कम रहे तो लगभग हर आवेदक को एक लॉट मिल सकता है।
ध्यान रहे, सब्सक्रिप्शन शेयरों में गिना जाता है, आवेदनों में नहीं, इसलिए 1.42 गुना का मतलब 1/1.42 वाला चांस नहीं है। 3:24 बजे तक सभी कैटेगरी के कुल आवेदन (करीब 66.25 लाख) रिटेल लॉट की संख्या से कम थे, पर आखिरी दिन आवेदन तेजी से बढ़ते हैं।
| कुल वैध रिटेल आवेदन | एक लॉट मिलने का अनुमानित चांस |
|---|---|
| 70.86 लाख या कम | लगभग हर आवेदक को |
| 1 करोड़ | करीब 71% |
| 1.5 करोड़ | करीब 47% |
| 2 करोड़ | करीब 35% |
| 3 करोड़ | करीब 24% |
ये अनुमान हैं। रिजेक्ट हुए आवेदन और अलॉटमेंट का अंतिम आधार तस्वीर बदल सकते हैं।
RIL शेयरहोल्डर हैं? दो आवेदन का गणित
14 अक्टूबर 2026 (RHP की तारीख) को जिनके डीमैट खाते में Reliance Industries का कम से कम एक शेयर था, वे शेयरहोल्डर कोटे में ₹2 लाख तक आवेदन कर सकते हैं। यह व्यक्तिगत निवेशकों और HUF के लिए है। भाव वही है, कोई डिस्काउंट नहीं।
INDmoney और IPOji ने RHP के हवाले से बताया है कि पात्र शेयरधारक एक ही PAN से दो आवेदन कर सकते हैं, एक शेयरहोल्डर कोटे में और दूसरा रिटेल या HNI में। इससे आप दो अलग लॉटरी पूल में रहते हैं। शेयरहोल्डर कोटे में करीब 18.62 लाख लॉट हैं और 3:24 बजे तक यह 3.43 गुना भरा था।
ध्यान दें, एक ही कैटेगरी में एक PAN से दो आवेदन रिजेक्ट हो सकते हैं। दोनों आवेदनों में अलग-अलग रकम ब्लॉक होगी, इसलिए बजट पहले तय कर लें।
Jio के आंकड़े: कमाई, मुनाफा और ARPU
RHP के मुताबिक FY24 से FY26 के बीच रेवेन्यू 15.79% और EBITDA 17.79% की सालाना दर (CAGR) से बढ़ा। ARPU, यानी एक ग्राहक से हर महीने की औसत कमाई, भी लगातार बढ़ी है।
| ₹ करोड़ | FY24 | FY25 | FY26 | Q1 FY27 |
|---|---|---|---|---|
| रेवेन्यू (ऑपरेशंस) | 1,09,558 | 1,28,218 | 1,46,885 | 39,173 |
| EBITDA | 54,959 | 64,170 | 76,255 | 20,865 |
| शुद्ध मुनाफा (PAT) | 21,423 | 26,109 | 30,049 | 7,764 |
| ARPU (₹ प्रति माह) | 181.7 | 206.2 | 214.0 | 215.6 |
| ग्राहक (करोड़) | 48.18 | 48.82 | 52.44 | 53.33 |
Q1 FY27 = अप्रैल-जून 2026 तिमाही। ARPU हर अवधि की आखिरी तिमाही का है।
30 जून 2026 तक 53.33 करोड़ ग्राहकों में 28.49 करोड़ 5G ग्राहक थे। कुल कर्ज मार्च 2026 के ₹70,781 करोड़ से घटकर जून 2026 में ₹61,372 करोड़ रहा।
वैल्यूएशन: Bharti Airtel से तुलना
ऊपरी बैंड पर IPO के बाद मार्केट कैप करीब ₹10.30 लाख करोड़ बैठता है। FY26 के बेसिक EPS ₹33.63 पर P/E करीब 33.3 गुना है; IPO के बाद बढ़ी शेयर संख्या पर यह करीब 34.3 गुना होता है। P/E बताता है कि शेयर का भाव प्रति शेयर सालाना मुनाफे का कितने गुना है।
Airtel का P/E सोर्स और भाव की तारीख के हिसाब से 37.6 से 40.7 गुना के बीच बताया गया है। यानी Jio कुछ कम भाव पर आ रहा है, पर RoCE और ARPU में Airtel आगे है। कुछ आंकड़े अलग आधार पर हैं, इसलिए यह तुलना मोटी है।
| पैमाना | Jio Platforms | Bharti Airtel |
|---|---|---|
| P/E | करीब 33.3-34.3 गुना (ऊपरी बैंड) | 37.6-40.7 गुना |
| ARPU, Q1 FY27 | ₹215.6 | ₹264 |
| EBITDA मार्जिन, FY26 | 51.91% | 57.48% |
| नेट डेट/EBITDA, FY26 | 0.36 गुना | 1.36 गुना |
| RoCE, FY26 | 10.76% | 19.00% |
Airtel के P/E, मार्जिन, लेवरेज और RoCE: INDmoney; Airtel ARPU: कंपनी के Q1 FY27 नतीजों पर TelecomTalk की रिपोर्ट।
पैसा कहां जाएगा, एंकर बुक में कौन
₹27,500 करोड़ से सब्सिडियरी Reliance Jio Infocomm (RJIL) का कर्ज समय से पहले चुकाया जाएगा, बाकी रकम सामान्य कॉरपोरेट कामों में लगेगी। Inc42 के अनुसार जिन तीन विदेशी कर्जों (ECB) को चुकाना है, वे कुल ₹29,971 करोड़ के हैं। IPO के बाद RIL की हिस्सेदारी 66.43% से घटकर करीब 64.48% रह जाएगी।
19 अक्टूबर को 212 एंकर निवेशकों से ₹1,119 के भाव पर ₹8,109.85 करोड़ जुटाए गए। सबसे बड़ा हिस्सा LIC (₹499.98 करोड़) को मिला। Government of Singapore को ₹340.93 करोड़ के शेयर मिले। 25 फंड हाउस की 95 म्यूचुअल फंड स्कीमों के हिस्से ₹2,784.96 करोड़ आए। आधे एंकर शेयरों पर 30 दिन और बाकी पर 90 दिन का लॉक-इन है।
RHP में बताए गए मुख्य जोखिम
- लाइसेंस और स्पेक्ट्रम: लाइसेंस का नवीनीकरण न होना या स्पेक्ट्रम न मिलना कारोबार पर बड़ा असर डाल सकता है।
- Reliance Retail पर निर्भरता: प्रीपेड कनेक्टिविटी का एकमात्र डिस्ट्रिब्यूटर Reliance Retail है। अप्रैल-जून 2026 में कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू का 76.37% इसी के जरिए आया।
- एक सब्सिडियरी पर टिका कारोबार: FY26 में RJIL का रेवेन्यू में 87.74% और मुनाफे में 93.76% हिस्सा था।
- ग्रुप से लेन-देन: RIL और ग्रुप कंपनियों से कई समझौते हैं, और 'Jio' ब्रांड ग्रुप की दूसरी कंपनियां भी इस्तेमाल करती हैं।
- नेटवर्क और तकनीक: नेटवर्क ठप होना, तकनीक में पिछड़ना, साइबर हमले और AI मॉडल की गलतियां।
- टैक्स विवाद: इनपुट टैक्स क्रेडिट और GST से जुड़ी करीब ₹6,795.5 करोड़ की मांगें लंबित हैं, जिन्हें कंपनी ने कंटिंजेंट लायबिलिटी नहीं माना है।
किसके लिए सही, किसके लिए नहीं
यह निवेश सलाह नहीं है। नीचे बस वे बातें हैं जो अलग-अलग निवेशकों के लिए मायने रख सकती हैं।
किसके लिए सही हो सकता है
- जो लंबी अवधि के लिए टेलीकॉम और डिजिटल सेवाओं में हिस्सेदारी चाहते हैं और ऊपर के जोखिम समझते हैं।
- जिनके लिए बढ़ता मुनाफा, कम नेट लेवरेज और Airtel से कम P/E अहम पैमाने हैं।
- RIL शेयरधारक, जिनके पास शेयरहोल्डर कोटे का अलग रास्ता है।
किसके लिए नहीं
- जो सिर्फ GMP देखकर जल्दी मुनाफे की उम्मीद में पैसा लगा रहे हैं।
- जिन्हें 33-34 गुना P/E और Airtel से कम RoCE (10.76% बनाम 19%) महंगा सौदा लगता है।
- जो ग्रुप कंपनियों पर निर्भरता या रेगुलेटरी जोखिम से असहज हैं, या जिन्हें यह रकम जल्द चाहिए।
फैसले से पहले RHP पढ़ें और जरूरत हो तो SEBI-रजिस्टर्ड निवेश सलाहकार से बात करें। बाकी खुले और आने वाले इश्यू gpaisa के IPO पेज पर देखें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Jio IPO का GMP कितना है?
22 अक्टूबर को दोपहर करीब 3 बजे GMP ₹240 था (IPOji, Investorgain), यानी अनुमानित लिस्टिंग भाव ₹1,359। GMP अनौपचारिक है और बदलता रहता है।
Jio IPO अलॉटमेंट स्टेटस कैसे चेक करें?
अलॉटमेंट 26 अक्टूबर को तय होने की उम्मीद है। रजिस्ट्रार KFin Technologies की वेबसाइट या BSE/NSE पर PAN या एप्लिकेशन नंबर डालकर स्टेटस देखें।
Jio Platforms IPO का लॉट साइज और न्यूनतम निवेश कितना है?
एक लॉट 12 शेयर का है। ऊपरी बैंड पर न्यूनतम निवेश ₹13,428 और रिटेल में अधिकतम 14 लॉट (₹1,87,992) है।
Jio IPO की लिस्टिंग कब होगी?
शेयर 28 अक्टूबर 2026 को BSE और NSE पर लिस्ट होने की उम्मीद है। यह तारीख अनुमानित है।
क्या RIL शेयरहोल्डर रिटेल और शेयरहोल्डर कोटे, दोनों में अप्लाई कर सकते हैं?
ब्रोकरेज प्लेटफॉर्म्स के RHP विश्लेषण के मुताबिक हां, अगर 14 अक्टूबर 2026 को आपके डीमैट में RIL का शेयर था। एक आवेदन शेयरहोल्डर कोटे में और एक रिटेल या HNI में हो सकता है।
स्रोत
- SEBI: Jio Platforms RHP और Abridged Prospectus
- Chittorgarh: IPO विवरण
- Telangana Today (PTI): दूसरे दिन का सब्सक्रिप्शन
- HDFC Sky: सब्सक्रिप्शन
- Inc42: सब्सक्रिप्शन और कर्ज भुगतान
- ipoplatform: लाइव सब्सक्रिप्शन
- IIFL: GMP और सब्सक्रिप्शन
- Investorgain: GMP
- IPOji: GMP
- INDmoney: पीयर तुलना
- INDmoney: Jio बनाम Airtel
- INDmoney: शेयरहोल्डर कोटा
- IPOji: शेयरहोल्डर कोटा
- Free Press Journal: एंकर निवेशक
- The Pioneer: एंकर आवंटन
- TelecomTalk: Airtel ARPU
डिस्क्लेमर: यह लेख सिर्फ जानकारी के लिए है, निवेश सलाह नहीं। GMP अनौपचारिक है। gpaisa.in SEBI-रजिस्टर्ड निवेश सलाहकार नहीं है।

